आप इस वाकया को कैसे पूरा करेंगे : " कल्पना कीजिए अगर " ? - सर केन रॉबिन्सन
सर केन रॉबिन्सन का मानना था कि मनुष्य के पास एक अटूट शक्ति है: हमारी कल्पनाएँ। हम दुनिया में वैसे ही नहीं रहते हैं जैसा हम पाते हैं - हम अपनी रचनात्मकता का उपयोग कला, वैज्ञानिक सिद्धांतों और प्रौद्योगिकी के साथ अपनी दुनिया को ढालने और उसकी कल्पना करने के लिए करते हैं। तो, आप दुनिया की फिर से कल्पना करने का चुनाव कैसे करेंगे? हम क्या मान लेते हैं? आप क्या बदलेंगे ? याद रखें, केवल सीमा आपकी अपनी कल्पना है ... [एवी ओफर द्वारा निर्देशित, सर केन रॉबिन्सन और बेथानी कटमोर-स्कॉट द्वारा सुनाई गई, स्टीफन लारोसा द्वारा संगीत]।

