टेडेक्स दुबई में, अनुभवी इंगलिश अध्यापिका पैट्रिसिया रायन ने एक चुनौती भरा मुद्दा उठाया: क्या विश्व भर का अंग्रेजी पर अत्यधिक केंद्रित होना बाकी भाषाओं में नये विचारों को पैदा होने से रोक रहा है? (उदाहरण के लिये: यदि आइन्सटाइन को टोफ़ेल (TOEFL) की परीक्षा देनी पडती तो क्या होता?)। अनुवाद और विचारों के आदान-प्रदान के पक्ष में दिया गया एक रोचक वकतव्य।
